उसे खोया तो क्या खोया जिसे कभी चाहा ना था,
रोना तो उसे खोने पर भी नही, जिसे चाहकर भी पाया ना था ।
Sunday, March 22, 2009
बीता कल
Posted by Rashmi Jain at 8:57 AM 0 comments
बदनाम नही
हर वक्त मुस्कुराना आसन नही ,
गमो को दिल में छुपाना भी कुछ आम नही ।
हसी का मुखोटा तो ओढे बैठे है ,
झूटें हैं हम, फिर भी बदनाम नही ।
Posted by Rashmi Jain at 8:48 AM 1 comments
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